publicuwatch24.-उत्तर बस्तर कांकेर। विकासखंड कांकेर के ग्राम कान्हारपुरी की 57 वर्षीय महिला कृषक श्रीमती जानकी बाई नायक ने अपनी महज तीन एकड़ कृषि भूमि को सफलता की सीमा नहीं बनने दिया। कृषि यंत्रीकरण को अवसर में बदलते हुए उन्होंने वर्ष 2025-26 में कृषि यांत्रिकीकरण सबमिशन योजना के तहत लगभग 40 लाख रुपए की लागत से फार्म मशीनरी बैंक स्थापित किया, जिसमें ट्रैक्टर, हार्वेस्टर, सीडड्रिल, कल्टीवेटर और स्प्रेयर सहित आधुनिक कृषि यंत्र शामिल हैं, जिन्हें आसपास के किसानों को किराये पर दिया जाता है। इसके लिए उन्होंने 35 लाख रुपए का बैंक ऋण लिया, जिसमें 14 लाख रुपए का विभागीय अनुदान प्राप्त हुआ।
श्रीमती जानकीबाई ने बताया कि उनके फार्म मशीनरी बैंक से अब तक 145 किसान लाभान्वित हो चुके हैं। कृषि यंत्र किराये पर उपलब्ध कराने से उन्हें लगभग 20 लाख रुपए की आय प्राप्त हुई, जिसमें खर्च के बाद 09 लाख 25 हजार रुपए शुद्ध लाभ प्राप्त हुआ, इससे उन्होंने ऋण की दो किस्त में 06 लाख 50 हजार रुपए जमा किए हैं तथा प्राप्त आमदनी से ट्रॉली खरीदने के साथ गृह निर्माण एवं पारिवारिक जरूरतों में भी राशि का उपयोग किया गया। अपनी सफलता से उत्साहित श्रीमती जानकी बाई ने कहा कि सीमित जमीन से भी सफलता हासिल की जा सकती है। शासन का सहयोग एवं सही सोच और आधुनिक तकनीक के सहारे खेती को लाभकारी उद्यम में बदला जा सकता है।
Trending
- किसानों को बड़ी राहत: छत्तीसगढ़ में खुलेंगे 354 नए धान खरीदी केंद्र, 3,093 तक पहुंचेगी उपार्जन केंद्रों की संख्या
- कलेक्टर लंगेह ने जनदर्शन में सुनी आमजनों की समस्याएं, निराकरण के दिए निर्देश जनदर्शन में कुल 44 आवेदन प्राप्त
- ग्रामोद्योग विभाग के अधिकारियों ने तकनीकी वस्त्र मिशन के संबंध में दिया प्रस्तुतिकरण प्रदेश में टेक्सटाईल तकनीकी वस्त्र क्षेत्र के लिए कार्ययोजना बनायें
- स्वच्छता अभियान की निरंतर निगरानी – कलेक्टर ने वार्ड क्रमांक 04 स्थित मणिकंचन केंद्र का किया निरीक्षण
- नवरात्रि-दशहरा और गणेश उत्सव को लेकर प्रशासन अलर्ट, चांपा में दो संभावित आयोजन स्थलों का निरीक्षण
- सीएम हेल्पलाइन बनी नेहा की मददगार, शिकायत दर्ज होते ही आसान हुआ विवाह पंजीयन का रास्ता
- तीन दिव्यांगजनों की राह हुई आसान, मिली ट्राईसिकल बोले ‘धन्यवाद विष्णु भैया’ कलेक्टर ने प्रदान की ट्राईसिकल, स्वावलंबन की ओर बढ़े कदम
- मोर गांव मोर पानी अभियान से दुर्ग में महिलाओं ने श्रमदान से बनाए 3360 सोख्ता गड्ढे
Tuesday, September 1
