Close Menu

    Subscribe to Updates

    Get the latest creative news from FooBar about art, design and business.

    What's Hot

    हर बच्चे तक गुणवत्तापूर्ण शिक्षा की पहुंच हम सभी की जिम्मेदारी – कलेक्टर लंगेह

    June 16, 2026

    शासन द्वारा रिडेवलपमेंट योजना अंतर्गत शंकर नगर बी.टी.आई. ग्राउंड के सामने तथा अन्य कुल पाँच परियोजनाओं का टेंडर जारी

    June 16, 2026

    महराजबंध तालाब के किनारे अवैध कब्जे बंद, तालाब को पाटने या अवैध कब्जे पर होगी दण्डात्मक कार्यवाही

    June 16, 2026
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Trending
    • हर बच्चे तक गुणवत्तापूर्ण शिक्षा की पहुंच हम सभी की जिम्मेदारी – कलेक्टर लंगेह
    • शासन द्वारा रिडेवलपमेंट योजना अंतर्गत शंकर नगर बी.टी.आई. ग्राउंड के सामने तथा अन्य कुल पाँच परियोजनाओं का टेंडर जारी
    • महराजबंध तालाब के किनारे अवैध कब्जे बंद, तालाब को पाटने या अवैध कब्जे पर होगी दण्डात्मक कार्यवाही
    • जशपुर में तीन दिवसीय फोटो प्रदर्शनी का शुभारंभ, प्रधानमंत्री मोदी के 12 वर्षों की उपलब्धियों का प्रदर्शन
    • नारायणपुर को मिली जिला सहकारी केंद्रीय बैंक की नई शाखा
    • लोकभवन में अधिकारियों एवं कर्मचारियों के लिए AI प्रशिक्षण सत्र आयोजित
    • प्राकृतिक खेती अपनाकर किसान अपनी बढ़ाएं आय और बचाएं मिट्टी की उर्वरता- मंत्री केदार कश्यप
    • दुर्ग को मिलेगी सौगात- बनेगा अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम – मंत्री गजेन्द्र यादव
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Wednesday, June 17
    Publicuwatch24
    • Home
    • रायपुर

      शासन द्वारा रिडेवलपमेंट योजना अंतर्गत शंकर नगर बी.टी.आई. ग्राउंड के सामने तथा अन्य कुल पाँच परियोजनाओं का टेंडर जारी

      June 16, 2026

      महराजबंध तालाब के किनारे अवैध कब्जे बंद, तालाब को पाटने या अवैध कब्जे पर होगी दण्डात्मक कार्यवाही

      June 16, 2026

      जशपुर में तीन दिवसीय फोटो प्रदर्शनी का शुभारंभ, प्रधानमंत्री मोदी के 12 वर्षों की उपलब्धियों का प्रदर्शन

      June 16, 2026

      नारायणपुर को मिली जिला सहकारी केंद्रीय बैंक की नई शाखा

      June 16, 2026

      लोकभवन में अधिकारियों एवं कर्मचारियों के लिए AI प्रशिक्षण सत्र आयोजित

      June 16, 2026
    • छत्तीसगढ
    • सम्पादकीय
      • बिलासपुर
      • बस्तर
      • दुर्ग
      • सरगुजा
    • राष्ट्रीय
      • दिल्ली
      • मध्य प्रदेश
    • अंतरराष्ट्रीय
    • मनोरंजन
    • खेल
    • बिज़नेस
    • धर्म आध्यात्म
    • Contact
    Publicuwatch24
    Home » पर्यटकों का स्वर्ग बना जशपुर
    रायपुर

    पर्यटकों का स्वर्ग बना जशपुर

    Publicuwatch AutherBy Publicuwatch AutherJanuary 18, 2026No Comments4 Views
    Facebook Twitter Pinterest LinkedIn WhatsApp Reddit Tumblr Email
    Share
    Facebook Twitter LinkedIn Pinterest Email WhatsApp

    publicuwatch24.-छत्तीसगढ़ में पर्यटन की अपार संभावनाओं को देखते हुए छत्तीसगढ़ सरकार ने छुपे हुए और अनदेखें अनमोल और आश्चर्यजनक रोमांच पैदा करने वाले पर्यटन स्थलों की प्रचार प्रसार कर जनता को पर्यटन का लाभ देने के उद्देश्य के पर्यटन नीति में बड़े बदलाव करते हुए पब्लिक पार्टनरशिप मॉडल अपनाया पूरे भारत में छत्तीसगढ़ का नाम पर्यटन नक़्शे में नम्बर वन अंकित हो इस उद्देश्य पर्यटन मंडल भी लगातार सरकार के आदेशों के अनुसार विस्तार की योजनाओं पर कार्य कर रहा है.
    साय सरकार राज्य को पर्यटन हब बनाने के लिए नई पर्यटन नीति तैयार कर रही है. नीति में पब्लिक प्राइवेट पार्टनरशिप (पीपीपी) माडल के तहत पर्यटन स्थलों के विकास और संचालन पर जोर रहेगा. दरअसल, जशपुर आने के लिए सड़क मार्ग माध्यम है. इसके लिए पर्यटन प्रेमी पड़ोसी राज्य झारखंड की राजधानी रांची से हवाई यात्रा या ट्रेन के माध्यम से जशपुर आ सकते हैं. इसके साथ ही रांची से जशपुर आने के लिए बस की सुविधा उपलब्ध रहती है. वहीं, प्राइवेट टैक्सी या खुद के वाहन से भी जशपुर पहुंचा जा सकता है. इसी प्रकार उड़ीसा मार्ग से झारसुगुड़ा से भी आसानी से जशपुर पहुंचा जा सकता है.
    पर्यटन के लिए जशपुर, जहां रोमांच, संस्कृति और प्रकृति का संगम है. वहीं, छत्तीसगढ़ के उत्तरी भाग में स्थित, यह छिपा हुआ रत्न शहरी जीवन शैली से और भागदौड़ की जिंदगी से सुकून का अहसास दिलाता है. प्रकृति को नजदीक से जानने के लिए यह एक आदर्श स्थान है. चाहे वह यहां के हरे-भरे चाय बागानों हो, रॉक क्लाइम्बिंग के रोमांच को अपनाना हो, या अपने आदिवासी समुदायों की जीवंत परंपराओं में खुद को नजदीक से जानना हो, जशपुर हर यात्री के लिए एक अनूठा अनुभव प्रदान करता है. अपने मनमोहक परिदृश्य, ठंडी जलवायु और आदिवासी संस्कृति रीति रिवाज, रहन सहन, खानपान पारंपरिक व्यंजन और आत्मीयता से समृद्ध सांस्कृतिक विरासत के साथ, जशपुर एक कायाकल्प का वादा करता है जो आपकी यात्रा के बाद लंबे समय तक आपके साथ रहता है.
    बता दें, जशपुर में स्थानीय आदिवासी लोगों के द्वारा आत्मीय स्वागत, रात्रि अलाव में परिचय सत्र, उसके बाद स्थानीय भोजन, स्थानीय प्रशिक्षक द्वारा योग और ध्यान सत्र, स्थानीय घर का दौरा, स्थानीय भोजन और पत्तों के बर्तन बनाने के बारे में जानने का मौका, स्थानीय आदिवासी घरों में दोपहर के भोजन का मौका, आदिवासी नृत्य सत्र, बॉन फायर के साथ नाइट लाइट संगीत, साइलेंट जंगल वॉक के बाद नाश्ता और चाय , फार्म वॉक आदि के साथ दर्शनीय स्थलों की यात्रा, अलाव के साथ स्टार गेजिंग सत्र के लिए देश देखा तक की सुविधा सरना एथनिक रिजॉर्ट के द्वारा उपलब्ध कराई जाती है.
    जशपुर में घूमने के लिए कई पर्यटन स्थल जिसमें दमेरा, देशदेखा, चाय बगान, सोगड़ा आश्रम, रानीदाह, बगीचा विकास खंड में कैलाश गुफा, खुडियारानी,राजपुरी ,दनगरी , मकरभंजा , कुनकुरी विकास खंड में एशिया का सबसे दूसरा बड़ा चर्च, मधेश्वर पहाड़ सबसे बड़ा शिवलिंग, मयाली नेचर कैम्प आदि और भी बहुत सारे पर्यटन स्थल शामिल है. पर्यटन नीति पर्यटकों को आकर्षक सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए राज्य सरकार द्वारा पर्यटन नीति भी तैयार की गई है। इस नीति में पर्यटन स्थलों में आधुनिक और विकसित सुविधाओं के लिए निवेश करने वाले उद्यमियों को अनेक प्रकार से सुविधाएं भी दी जा रही हैं। विशेषतौर पर जशपुर और बस्तर अंचल में पर्यटन, सुविधाओं के विस्तार के लिए टूरिज्म सर्किट भी विकसित किया जा रहा है। इसके माध्यम से बस्तर अंचल के पर्यटन स्थलों में बेहतर कनेक्टिविटी विकसित होगी। पर्यटन नीति में ईको-टूरिज्म, एथनिक (आदिवासी), एडवेंचर और वेलनेस टूरिज्म को प्राथमिकता दी गई है। छत्तीसगढ़ की पर्यटन संभावनाओं के प्रचार-प्रसार के लिए डिजीटल प्लेटफार्म का भी उपयोग किया जा रहा है।
    धुड़मारास को संयुक्त राष्ट्र विश्व पर्यटन संगठन ने 60 देशों के 20 पर्यटन गांवों में सर्वश्रेष्ठ पर्यटन गाँव उन्नयन कार्यक्रम के लिए चुना है। भारत सरकार ने इस गांव को सर्वश्रेष्ठ पर्यटन गाँव के पुरस्कार से सम्मानित किया है। जशपुर जिले के मयाली गांव से 35 किमी दूर स्थित मधेश्वर पहाड़ को ‘गोल्डन बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड’ में विश्व के सबसे बड़े प्राकृतिक शिवलिंग के रूप में दर्ज किया गया है, जिससे छत्तीसगढ़ पर्यटन को नई पहचान मिली है। मधेश्वर पहाड़ न केवल धार्मिक दृष्टि से महत्वपूर्ण है, बल्कि यह पर्वतारोहण और एडवेंचर स्पोर्टस के लिए भी लोकप्रिय होता जा रहा है। हर साल यहां बड़ी संख्या में पर्यटक आते है, प्रकृति के साथ जुड़ने का अनुभव करते हैं। केंद्र सरकार से 10 करोड़ रूपए की राशि प्राप्त हुई है, जो विशेष रूप से मधेश्वर महादेव धाम और पहाड़ के धार्मिक एवं पर्यटन क्षेत्र के विकास में खर्च की जा रही है। धार्मिक पर्यटन स्थल पैरी, सोंढूर और महानदी के संगम पर बसा राजिम को इसके धार्मिक और सांस्कृतिक महत्व के कारण छत्तीसगढ़ का प्रयागराज कहा जाता है। यहां 8वी सदी का राजीव लोचन मंदिर प्रसिद्ध है। यहां कुंभ कल्प के आयोजन होने के कारण देश विदेश में राजिम प्रसिद्ध है। छत्तीसगढ़ प्रभु श्रीराम का ननीहाल भी है।
    चंदखुरी में माता कौशल्या मंदिर भी है। पौराणिक मान्यताओं के अनुसार शिवनी नारायण में माता शबरी का मंदिर भी है जहां प्रभु श्रीराम ने माता शबरी से मीठे बेर खाए थे। डोंगरगढ़ की बम्लेश्वरी, रतनपुर की महामाया, धमतरी की बिलाई माता, चन्द्रपुर की चन्द्रहासिनी मंदिर धार्मिक पर्यटन के लिए मशहूर हैं। ऐतिहासिक एवं पुरातात्विक स्थल बौद्ध ग्रंथों के अनुसार प्रसिद्ध चीनी यात्री ने सिरपुर की यात्रा की थी और यहां बौद्ध विहार और स्तुप देखे थे। आज भी यहां पुरातात्विक अवशेष देखे जा सकते हैं। यह भी मान्यता है कि भगवान बुद्ध ने यहां उपदेश दिया था। तत्कालीन समय सिरपुर एक बड़ा व्यापारिक केंद्र था। इसके अलावा यह स्थान शैव-वैष्णव और बौद्ध धर्म का संगम स्थल है। कबीरधाम जिले का भोरमदेव शिव मंदिर के लिए विख्यात है। इस मंदिर में खजुराहो की शिल्पकला के दर्शन होते हैं।
    यह मंदिर 11वीं सदी में बनाया गया है। कुटुम्बसर की गुफा भी दर्शनीय है। यहां अंधी मछलियां, स्टैलेक्टाइट और स्टैलेग्माइट संरचना पायी जाती है। सिंघनपुर की की गुफा में आदिमानव के शैल चित्र और रामगढ़ की गुफाओं में भारत की प्राचीनतम नाट्यशालाओं के अवशेष मिलते है। प्राकृतिक पर्यटन स्थल बस्तर का चित्रकोट जलप्रपात जिसे भारत का नियाग्रा भी कहा जाता है। इस मनोरम जलप्रपात को देखने के लिए देशभर के सैलानियों का आना-जाना होता है। इसके निकट ही तीरथगढ़ जलप्रपात है। जहां छोटे-छोटे एक साथ कई जल धाराएं एक साथ गिरती है जो मनोरम छटा बिखेरती है। जशपुर का रानीदाह, राजपुरी जैसे कई दर्शनीय जलप्रपात भी है। मयाली और धुड़मारास में नेचर टूरिज्म का आनंद लिया जा सकता है। धुड़मारास में बैम्बू रॉप्टिंग की सुविधा भी है।
    इसके अलावा राज्य में कांगेर घाटी नेशनल पार्क, इन्द्रावती राष्ट्रीय उद्यान, गुरू घासीदास राष्ट्रीय उद्यान और अनेक वन्य अभ्यारण्य है। मैनपाट छत्तीसगढ़ के सरगुजा जिले में स्थित एक सुंदर हिल स्टेशन और प्रमुख पर्यटन स्थल है, जिसे “छत्तीसगढ़ का शिमला” तथा “मिनी तिब्बत” भी कहा जाता है। मैनपाट अपनी प्राकृतिक सुंदरता, विशिष्ट तिब्बती संस्कृति, अनोखी भौगोलिक रचनाओं और शांत वातावरण के कारण छत्तीसगढ़ का एक अनूठा पर्यटन स्थल है, जहाँ हर साल हजारों पर्यटक सुकून और रोमांच के लिए आते हैं। यहाँ कई बौद्ध मठ एवं तिब्बती शरणार्थी शिविर भी दर्शनीय हैं, जो तिब्बती संस्कृति की झलक देते हैं।

    Share. WhatsApp Facebook Twitter Pinterest LinkedIn Tumblr Telegram Email
    Publicuwatch Auther
    • Website

    Related Posts

    शासन द्वारा रिडेवलपमेंट योजना अंतर्गत शंकर नगर बी.टी.आई. ग्राउंड के सामने तथा अन्य कुल पाँच परियोजनाओं का टेंडर जारी

    June 16, 2026

    महराजबंध तालाब के किनारे अवैध कब्जे बंद, तालाब को पाटने या अवैध कब्जे पर होगी दण्डात्मक कार्यवाही

    June 16, 2026

    जशपुर में तीन दिवसीय फोटो प्रदर्शनी का शुभारंभ, प्रधानमंत्री मोदी के 12 वर्षों की उपलब्धियों का प्रदर्शन

    June 16, 2026
    Leave A Reply Cancel Reply

    × Popup Image
    RO No 13722/1
    Top Posts

    अंडमान-निकोबार में बृजमोहन अग्रवाल की सक्रिय भूमिका, 620 करोड़ के पोर्ट प्रोजेक्ट्स में तेजी के निर्देश

    December 26, 2025233

    रायपुर को साफ-सुथरा रखने मुख्यमंत्री 17 को 84 नए सफाई वाहनों की देंगे सौगात

    April 16, 202337

    दुर्ग में मोतीलाल बोरा और ताम्रध्वज साहू, तो रायपुर में सत्यनारायण शर्मा ने डाला वोट, कहा- कांग्रेस को मिल रही बढ़त

    April 23, 201931

    प्रदेश भाजपा के सह प्रभारी को राष्ट्रीय सह संगठन मंत्री सौदान सिंह और पूर्व सीएम डॉ. रमन सिंह की तारीफ करना रास नहीं आया

    December 11, 202025
    Don't Miss
    छत्तीसगढ

    हर बच्चे तक गुणवत्तापूर्ण शिक्षा की पहुंच हम सभी की जिम्मेदारी – कलेक्टर लंगेह

    By Publicuwatch AutherJune 16, 20260

    स्कूल खुलने के पहले ही दिन आशीबाई गोलछा उच्चतर माध्यमिक शाला एवं प्राथमिक शाला भलेसर…

    शासन द्वारा रिडेवलपमेंट योजना अंतर्गत शंकर नगर बी.टी.आई. ग्राउंड के सामने तथा अन्य कुल पाँच परियोजनाओं का टेंडर जारी

    June 16, 2026

    महराजबंध तालाब के किनारे अवैध कब्जे बंद, तालाब को पाटने या अवैध कब्जे पर होगी दण्डात्मक कार्यवाही

    June 16, 2026

    जशपुर में तीन दिवसीय फोटो प्रदर्शनी का शुभारंभ, प्रधानमंत्री मोदी के 12 वर्षों की उपलब्धियों का प्रदर्शन

    June 16, 2026
    About Us

    Publicuwatch24.com

    The News Portal - A reliable and genuine news source.

    Owner and Editor :- Piyush sharma
    Contact Number :- 7223911372
    Address :- Shyam Nagar Near Maharana Pratap Gardan Raipur Chhattisgarh

    Facebook X (Twitter) Pinterest YouTube WhatsApp
    Our Picks

    हर बच्चे तक गुणवत्तापूर्ण शिक्षा की पहुंच हम सभी की जिम्मेदारी – कलेक्टर लंगेह

    June 16, 2026

    शासन द्वारा रिडेवलपमेंट योजना अंतर्गत शंकर नगर बी.टी.आई. ग्राउंड के सामने तथा अन्य कुल पाँच परियोजनाओं का टेंडर जारी

    June 16, 2026

    महराजबंध तालाब के किनारे अवैध कब्जे बंद, तालाब को पाटने या अवैध कब्जे पर होगी दण्डात्मक कार्यवाही

    June 16, 2026
    Most Popular

    अंडमान-निकोबार में बृजमोहन अग्रवाल की सक्रिय भूमिका, 620 करोड़ के पोर्ट प्रोजेक्ट्स में तेजी के निर्देश

    December 26, 2025233

    रायपुर को साफ-सुथरा रखने मुख्यमंत्री 17 को 84 नए सफाई वाहनों की देंगे सौगात

    April 16, 202337

    दुर्ग में मोतीलाल बोरा और ताम्रध्वज साहू, तो रायपुर में सत्यनारायण शर्मा ने डाला वोट, कहा- कांग्रेस को मिल रही बढ़त

    April 23, 201931
    © 2026 Website Designed by RT Internet Services.
    • Home

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.