
दंतेवाड़ा । बीजापुर और दंतेवाड़ों की ज्वाइंट फोर्स ने बैलाडिला के तराई से लगे बीहड़ में मंगलवार को अलग- अलग जगह तीन नक्सली कैंप ध्वस्त किया। हालांकि कैंप तक पहुंचने से पहले नक्सली भाग निकले थे लेकिन मौके से जवानों ने बम, वॉकी-टॉकी, दवा सहित बड़ी मात्रा में नक्सल सामग्री बरामद किया है। इन कैंपों में नक्सली लीडर गणेश उइके व अन्य के मौजूदगी की सूचना थी। बैलाडिला पहाड़ के नीचे दंतेवाड़ा के किरंदुल थाना सहित बीजापुर के मिरतुर व गंगालूर थाना क्षेत्र से लगे जंगल में बड़े नक्सलियों ने कैंप किया था। इसकी सूचना पर दो दिन पहले दंतेवाड़ा और बीजापुर की फोर्स बीहड़ में घुसी। जिन्होंने मंगलवार को बीहड़ में तीन अलग-अलग जगह नक्सली कैंप देखा। जवानों ने घेराबंदी शुरू कर दिया लेकिन इस बीच फायरिंग करते नक्सली भागने में कामयाब रहे ।
बावजूद फोर्स कैंप से बड़ी मात्रा में नक्सल सामग्री बरामद किया है। इनमें दस नग बम, नक्सलियों के वॉकीटॉकी, दवाइयां, बिजली के तार के अलावा नक्सल साहित्य व रोजमर्रा की जरूरत वाले सामान शामिल है। पुलिस सूत्रों के मुताबिक कैंप में नक्सलियों के स्पेशल जोनल कमेटी सदस्य गणेश उइके, चैतू, श्याम और अन्य मौजूद थे। माना जा रहा है कि यहां गणेश उइके के उपचार सहित नक्सली किसी वारदात को अंजाम देने से पहले विचार- विमर्श के लिए एकत्र हुए थे। इस ऑपरेशन के लिए दंतेवाड़ा के किरंदुल थाने से डीआरजी, एसटीएफ, सीआरपीएफ 230 बटालियन के जवानों के साथ बीजापुर के मिरतुर व गंगालूर से भी फोर्स दो दिन पहले निकली थी। बताया जा रहा है कि फोर्स अभी भी जंगल में है। कैंप ध्वस्त करने और बम व सामग्री बरामदगी की पुष्टि करते एसपी डॉ अभिषेक पल्लव ने बताया कि तीन अलग- अलग जगह नक्सलियों का कैंप ध्वस्त किया गया है। इस दौरान एंबुश लगाए नक्सलियों ने फायरिंग भी की। 50-60 राउंड फायरिंग में फोर्स को कोई नुकसान नहीं हुआ। नक्सलियों के कैंप से बम, वॉकीटॉकी, दवाएं आदि बरामद हुई है।
एक लाख का इनामी नक्सली ने किया सरेंडर
दंतेवाड़ा जिले में एक इनामी नक्सली ने मंगलवार को सरेंडर कर दिया। सरेंडर करने वाले नक्सली को जनमिलिशिया कमांडर बताया जा रहा है। उसके ऊपर एक लाख रुपए का इनाम था। बताया जा रहा है कि सरकार की पुनर्वास नीति से प्रभावित होकर नक्सली ने सरेंडर किया है। वह बचपन में ही बाल संघम सदस्य के रूप में वर्ष 2005 में हुआ था शामिल। जानकारी के मुताबिक, सरेंडर करने वाले नक्सली का नाम बामन बेको बताया गया है। उसने दंतेवाड़ा एसपी अभिषेक पल्लव के सामने सरेंडर किया है। पुलिस के मुताबित बामन नारायणपुर जिले के ओरछा इलाके का जनमिलिशिया कमांडर था और 15 सालों से माओवादी संगठन से जुड़ा था।
पुलिस का आरोप है कि सरेंडर किए नक्सली बामन कई संगीन वारदातों में भी शामिल रह चुका है।