publicuwatch24.-नई दिल्ली: तेलंगाना हाईकोर्ट ने कांग्रेस नेता पवन खेड़ा को एक हफ्ते की अंतरिम राहत दी है. जस्टिस के सुजाना की बेंच ने खेड़ा को निर्देश दिया कि वे सही फोरम के सामने जमानत के लिए आवेदन दाखिल करें. खेड़ा के वकील ने अधिक समय की मांग की. इस पर जस्टिस सुजाना ने कहा ‘वह कोई सामान्य व्यक्ति नहीं हैं. जस्टिस सुजाना ने कहा कि ‘उन्होंने 3 दिन में याचिका दाखिल की, मामले की सुनवाई हुई और आदेश भी दिया गया. वे एक हफ्ते के भीतर उचित फोरम में जा सकते हैं.’
दरअसल अदालत ने सवाल पूछा था कि अगर दस्तावेजों में पता दिल्ली का दर्ज है तो याचिका तेलंगाना में क्यों दाखिल की गई है. पवन खेड़ा की जमानत को लेकर गुरुवार को तेलंगाना हाईकोर्ट में सुनवाई हुई थी. तब उनकी अग्रिम जमानत टल गई थी. कोर्ट ने तत्काल राहत देने के बजाय अपना आदेश शुक्रवार तक के लिए सुरक्षित रख लिया था. यह मामला असम सीएम हिमंता से जुड़ा है. इस सुनवाई के दौरान कोर्ट ने एक अहम कानूनी बिंदु उठाया, जिसने मामले को और जटिल बना दिया था.
दरअसल, सुनवाई के दौरान कोर्ट ने पाया था कि याचिकाकर्ता की ओर से पेश किए गए दस्तावेजों में उनकी पत्नी नीलिमा का पता दिल्ली का बताया गया है. इस पर कोर्ट ने सवाल उठाया कि जब स्थायी पता दिल्ली का है, तो फिर तेलंगाना हाईकोर्ट में याचिका दाखिल करने का आधार क्या है.
इसी को लेकर कोर्ट ने ज्यूरिस्डिक्शन पर स्पष्टता मांगी. कोर्ट ने निर्देश दिया कि अगली सुनवाई में कोटा नीलिमा (खेड़ा की पत्नी) का नवीनतम आधार कार्ड पेश किया जाए, ताकि यह साफ हो सके कि उनका वर्तमान निवास कहां है और याचिका इस कोर्ट के अधिकार क्षेत्र में आती है या नहीं. असल में कांग्रेस नेता पवन खेड़ा ने बुधवार को तेलंगाना हाईकोर्ट में अग्रिम जमानत के लिए याचिका दायर की थी. यह मामला असम सरकार द्वारा उनके खिलाफ दर्ज किया गया था, जिसमें उन्होंने मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा की पत्नी पर आरोप लगाए थे.
खेड़ा ने अदालत से अनुरोध किया था कि गिरफ्तारी की स्थिति में उन्हें जमानत दी जाए. यह याचिका सात अप्रैल को दायर की गई थी और इस पर नौ अप्रैल को सुनवाई हुई थी. खेड़ा ने अपनी याचिका में गुवाहाटी क्राइम ब्रांच पुलिस स्टेशन के डीसीपी और तेलंगाना सरकार को प्रतिवादी बनाया है. यह मामला गुवाहाटी क्राइम ब्रांच पुलिस स्टेशन में खेरा के खिलाफ बीएनएस की कई धाराओं के तहत दर्ज किया गया है, जिनमें धारा 175, 35 और 318 शामिल हैं. कांग्रेस नेता ने पांच अप्रैल को आरोप लगाया था कि हिमंता की पत्नी रिंकी भुइयां शर्मा के पास कई पासपोर्ट और विदेशी संपत्ति है, जिनका उल्लेख मुख्यमंत्री के चुनावी हलफनामे में नहीं किया गया. इस मामले में पूछताछ के लिए असम पुलिस की एक टीम पहले खेड़ा के दिल्ली स्थित घर भी गई थी.
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Sunday, August 9
