राहत शिविरों में स्वास्थ्य सेवाएँ मुस्तैद
publicuwatch24.-मुंगेली। जिले में बाढ़ की स्थिति के बीच जिला प्रशासन द्वारा प्रभावित लोगों की सुरक्षा एवं स्वास्थ्य को सर्वाेच्च प्राथमिकता देते हुए राहत एवं स्वास्थ्य सेवाओं को लगातार मजबूत किया जा रहा है। कलेक्टर कुन्दन कुमार के निर्देश पर स्वास्थ्य विभाग की टीमें बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में सतत निगरानी कर रही हैं। इसी क्रम में लोरमी विकासखंड के ग्राम बिजराकछार में बाढ़ प्रभावित लगभग 150 लोगों को सुरक्षित स्थान पर शिफ्ट कर स्कूल एवं पंचायत भवन में ठहराया गया है। राहत शिविर में स्वास्थ्य विभाग द्वारा शिविर लगाकर प्रभावित लोगों की नियमित स्वास्थ्य जांच एवं आवश्यक उपचार की सुविधा उपलब्ध कराई जा रही है।
मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. शीला साहा एवं जिला कार्यक्रम प्रबंधक, राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन डॉ. गिरीश कुर्रे के मार्गदर्शन में स्वास्थ्य अमला प्रभावित लोगों के स्वास्थ्य पर लगातार नजर बनाए हुए है। खण्ड चिकित्सा अधिकारी लोरमी डॉ. जी.एस. दाऊ, विकासखण्ड कार्यक्रम प्रबंधक शैलेन्द्र पाण्डेय, आर.एच.ओ. शिवपाल धनकर सहित स्वास्थ्य टीम द्वारा शिविर में पहुंचकर लोगों की स्वास्थ्य जांच की जा रही है।
स्वास्थ्य टीम केवल राहत शिविर तक सीमित न रहकर घर-घर सर्वे भी कर रही है। इस दौरान लोगों की स्वास्थ्य स्थिति की जानकारी लेकर बीमारी के लक्षण पाए जाने पर तत्काल आवश्यक उपचार एवं चिकित्सकीय परामर्श उपलब्ध कराया जा रहा है। बच्चों, बुजुर्गों, गर्भवती महिलाओं सहित संवेदनशील लोगों की विशेष निगरानी की जा रही है। स्वास्थ्य टीम द्वारा उनकी नियमित जांच एवं आवश्यक चिकित्सकीय परामर्श सुनिश्चित किया जा रहा है। आवश्यकता के अनुसार गर्भवती महिलाओं को प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र खुड़िया भेजकर आवश्यक स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं, ताकि किसी भी आपात स्थिति से समय रहते निपटा जा सके।
एंटी रेबीज और एंटी स्नेक वेनम की पर्याप्त उपलब्धता
बाढ़ के दौरान सर्पदंश एवं अन्य आकस्मिक घटनाओं की संभावना को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग ने आवश्यक जीवनरक्षक दवाइयों की उपलब्धता सुनिश्चित की है। प्रभावित क्षेत्र में एंटी रेबीज वैक्सीन एवं एंटी स्नेक वेनम पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध है। स्वास्थ्य अमला ग्रामीणों को सर्पदंश से बचाव, स्वच्छता तथा बाढ़ के बाद संभावित संक्रमणों से बचने के उपायों की जानकारी भी दे रहा है।
स्वास्थ्य सुरक्षा के लिए प्रशासन अलर्ट
जिला प्रशासन एवं स्वास्थ्य विभाग द्वारा बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में राहत एवं स्वास्थ्य सेवाओं की लगातार मॉनिटरिंग की जा रही है। राहत शिविरों में ठहराए गए लोगों की नियमित स्वास्थ्य जांच के साथ प्रभावित गांवों में सतत सर्वे एवं निगरानी की जा रही है। आवश्यकतानुसार स्वास्थ्य दल, दवाइयां एवं अन्य चिकित्सा सुविधाएं तत्काल उपलब्ध कराने की व्यवस्था की गई है। बाढ़ की चुनौती के बीच जिला प्रशासन की सक्रियता और स्वास्थ्य विभाग की सतत निगरानी से प्रभावित लोगों को सुरक्षित वातावरण के साथ समय पर स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध हो रही हैं।
